विषय की तैयारी ठीक न होने पर डर लगना स्वाभाविक है, लेकिन यदि नियमित रूप से योजनाबद्ध तरीके से तैयारी की जाए तो यह डर छूमंतर हो जाता है। उक्त बातें राजकीय डिग्री कॉलेज के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ.संकट मोचन झा ने राजकीय बालिका इंटर कॉलेज (जीजीआईसी) सैयदराजा में आयोजित परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम के दौरान छात्राओं के सवालों का जवाब देते हुए कही।
आयोजित इस कार्यक्रम में असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ.संकट मोचन झा मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। छात्राओं द्वारा पूछे गए सवाल—“हम खूब पढ़ते हैं, फिर भी परीक्षा में भूल क्यों जाते हैं?”—के उत्तर में उन्होंने कहा कि केवल रटकर पढ़ाई करने से यह समस्या आती है। यदि लिखकर बार-बार अभ्यास किया जाए तो परीक्षा के दौरान भूलने की संभावना कम हो जाती है। अभ्यास की कमी के कारण पढ़ा हुआ प्रश्न भी परीक्षा में छूट जाता है, इसलिए विषयवार एकाग्र होकर तैयारी करना आवश्यक है।
कार्यक्रम के दौरान एक छात्रा ने वकील बनने की प्रक्रिया के बारे में पूछा, जिस पर मुख्य अतिथि ने बताया कि इसके लिए क्लैट (CLAT) की परीक्षा देनी होती है। वहीं डॉक्टर बनने को लेकर पूछे गए प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा कि पहले बायोलॉजी विषय से 12वीं की परीक्षा अच्छे अंकों से उत्तीर्ण करनी होती है, उसके बाद नीट (NEET) की तैयारी कर डॉक्टर बना जा सकता है।
उन्होंने छात्राओं को प्रेरित करते हुए कहा कि कोई भी काम असंभव नहीं है, बस लगन, निरंतर अभ्यास और सही दिशा में प्रयास करने की आवश्यकता है। कार्यक्रम के अंत में छात्राओं ने परीक्षा पे चर्चा को उपयोगी और प्रेरणादायक बताया। परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम जीजीआईसी की प्रधानाचार्या डॉ. प्रतिभा गोस्वामी के दिशा निर्देशन में हुआ । कार्यक्रम का संचालन डॉ. सुभद्रा कुमारी ने किया ।इस अवसर पर पंकज सिंह ,डॉ.भाग्यवानी तिवारी,डॉ विजयलक्ष्मी, तनु सिंह आदि उपस्थित रहीं।
